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सचिन तेंदुलकर ने शराब का विज्ञापन ठुकराया:शाबाश सचिन

>> 12 दिसंबर, 2010

मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंदुलकर ने अपनी सामाजिक जिम्मेदारी निभाने तथा अपने पिता को दिया वादा पूरा करने के लिए शराब निर्माता एक कंपनी का ब्रांड एंबेसडर बनने का प्रस्ताव ठुकरा दिया है। ऐसा बताया जा रहा है कि सचिन को इस कंपनी का ब्रांड एंबेसेडर बनने के लिए वार्षिक  20 करोड़ रुपए देने का प्रस्ताव दिया गया था, लेकिन उन्होंने अपनी सामाजिक जिम्मेदारियां निभाने और अपने पिता श्री रमेश तेंदुलकर को किए वादे को निभाने के लिए इस प्रस्ताव को ठुकरा  दिया है । यह किसी खिलाड़ी को ब्रांड एंबेसडर बनाने के लिए किसी कंपनी की ओर से दिया गया अब तक का सबसे बड़ा प्रस्ताव है। सचिन के विज्ञापन संबंधी कार्यों को देखने वाली वर्ल्ड  स्पोर्ट्स ग्रुप (डब्ल्यू.जी.सी.) ने उस कंपनी का नाम बताने से इनकार कर दिया है, जिसने सचिन को यह प्रस्ताव दिया था।
एक पूर्व क्रिकेटर और सचिन के करीबी मित्र ने बताया कि सचिन ने अपने पिता से वादा किया था कि वह कभी किसी नशीले पदार्थ या तंबाकू का विज्ञापन नहीं करेंगे।  मैदान पर सचिन की काबिलियत से तो हर कोई वाकिफ है, लेकिन इस प्रस्ताव को ठुकरा कर सचिन ने मैदान के बाहर भी अपनी महानता का परिचय देते हुए सामाजिक शतक ठोंक दिया है . सचिन के इस  सामाजिक शतक ने खेल के मैदान में मारे गए उनके अनेक शतकों को पीछे छोड़ दिया है .  सचिन तेंदुलकर के इस कदम से नशामुक्ति आन्दोलन को नया बल  मिलेगा . शाबाश सचिन !!!



18 टिप्पणियाँ:

संगीता स्वरुप ( गीत ) 13 दिसंबर 2010 को 12:31 am  

सचिन बस सचिन हैं ....ऐसे ही लोंग देश का और अपना और अपने माता पता का नाम रौशन करते हैं ....सचिन के लिए बहुत सी शुभकामनायें

राज भाटिय़ा 13 दिसंबर 2010 को 12:38 am  

बहुत सुंदर काश हमारे अन्य खिलाडी, अभिनेता अभिनेत्रियां भी ऎसा करते, सलाम हे सचिन को, ओर आप का धन्यवाद

अरविन्द जांगिड 13 दिसंबर 2010 को 8:00 am  

इसे एक आदर्श के रूप में लिया जाना चाहिए, अक्सर हम देखते हैं की जिसे हम अपना रोल मोडल मानते हैं, उसके स्तरहीन विज्ञापनों से उसकी छवि धूमिल हो जाती है.

जिस समय सभी कुछ न कुछ बेच रहे हैं सचिन का यह निर्णय, अनुकरणीय है.

सार्थक सन्देश देती सुन्दर रचना के लिए आपका साधुवाद.

अशोक बजाज 13 दिसंबर 2010 को 8:10 am  

@ संगीता स्वरुप ( गीत ) जी ,
निः संदेह सचिन ने अपने माता-पिता और देश को गौरवान्वित किया है . धन्यवाद !

Rahul Singh 13 दिसंबर 2010 को 8:14 am  

सचिन के लिए अवसर बेहिसाब हैं, उन्‍हें ऐसे किसी चीज को चुनने/खारिज करने की आजादी है और उन्‍होंने प्रतीक स्‍वरूप ही सही अपने इस निर्णय से विवेक का परिचय दिया है.

jainanime 13 दिसंबर 2010 को 8:30 am  

सचिन न सिर्फ भारत अपितु पुरे विश्व में युवाओं व सभी वर्ग के लोगों के लिए प्रेरणा श्रोत हैं उन्होंने न सिर्फ अपने पिता को दिए वचन का पालन किया है बल्कि उनसे prerna पाने वाले लाखों लोगों को गुमराह होने से बचा लिया है. आपका यह सन्देस पड़कर सचिन को सलाम करने का मन हो आया . यह सन्देश देने के लिए आपको भी बहुत बहुत बधाई .धन्यवाद .
अनिमेष

अशोक बजाज 13 दिसंबर 2010 को 9:03 am  

@ राज भाटिय़ा जी ,
@ अरविन्द जांगिड,
सचिन ने आदर्श स्थापित किया है ,अन्य प्रतिष्ठित व्यक्तियों को भी सचिन का अनुसरण करना चाहिए .आभार .

अशोक बजाज 13 दिसंबर 2010 को 10:17 am  

@ राहुल सिंह जी ,
आज़ादी में समाज हित में निर्णय लेना कठिन होता है सचिन ने आजादी में भी संयम का काम किया है ,धन्यवाद !

अशोक बजाज 13 दिसंबर 2010 को 10:19 am  

@jainanime jee ,
@प्रवीण पाण्डेय जी ,
धन्यवाद !

राहुल पंडित 13 दिसंबर 2010 को 2:18 pm  

सचिन सचिन हैं...एकमेव एक

ZEAL 13 दिसंबर 2010 को 9:31 pm  

सचिन जी का व्यक्तित्व अनुकरणीय है।

खबरों की दुनियाँ 14 दिसंबर 2010 को 7:47 am  

बधाई अध्यक्ष जी , बहुत बहुत बधाई । शुभकामनाओं सहित -आशुतोष

ललित शर्मा 14 दिसंबर 2010 को 8:13 am  

आज का अखबार देखा।
आपको हार्दिक शुभकामनाएं
सचिन की तरह आप भी
रिकार्ड पर रिकार्ड बनाएं।

संजीव तिवारी .. Sanjeeva Tiwari 14 दिसंबर 2010 को 8:33 am  

हिन्‍दी जगत के हमर मयारू ब्‍लॉगर संगी अशोक बजाज भाई के
छत्‍तीसगढ़ प्रदेस म
सहकारिता, पर्यावरण, नसा मुक्ति अउ किसान हित बर
सरलग सेवा ला देख के
डॉ.रमन सरकार द्वारा उनला
वेयर हाउसिंग कारपोरेशन के अधक्‍छ
बनाए गे हे अउ राज्‍य सासन म मंत्री के दरजा दिए गे हे

हिन्‍दी ब्‍लॉग जगत अपन बीच म अशोक भाई ला पाके अड़बड़ अनंदित हे

अशोक बजाज भाई ला कोरी कोरी बधई ...

सतीश सक्सेना 14 दिसंबर 2010 को 8:49 am  


सुबह सुबह ललित भाई ने इतना अच्छा समाचार दिया सो बधाई स्वीकार करें !अब हम भी कह सकते हैं कि हम अशोक बजाज को जानते हैं !
आपके व्यवहार और विचार आपके ब्लॉग को पढ़कर जाना जा सकते हैं ! "कहते हैं होनहार बिरवान के होत चिकने पात " अपने विचार को सफल कर के दिखा दिया !
यकीनन आप औरों से बेहतर काम करने में सक्षम हैं ! सुनहरा भविष्य, जिसमें राज्य निर्माण शामिल है, आपका प्रतीक्षा कर रहा है !
इस पद पर आप सफल होंगे, हार्दिक शुभकामनायें !

GirishMukul 14 दिसंबर 2010 को 11:30 am  

sachin ko our aapako hardik shubhakamanayen

shikha kaushik 14 दिसंबर 2010 को 4:27 pm  

sachin ki mahanta se sakshatkar karati shandar post .aisi post hi vastav me blog par aanee chahiye .dhanywad .

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